उजाला सिटी न्यूज़
उत्तर प्रदेश
लखनऊ
26/10/2026
लखनऊ, उजाला सिटी। 35वीं वाहिनी पीएसी, महानगर लखनऊ स्थित शहीद चन्द्रशेखर आजाद क्रीड़ा संकुल स्टेडियम में सोमवार को पुलिस पेंशनरों की वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता-2026 का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता का शुभारम्भ उत्तर प्रदेश पुलिस पेंशनर कल्याण संस्थान के अध्यक्ष एवं पुलिस महानिदेशक (सेवानिवृत्त) अरविन्द कुमार जैन ने किया।
प्रतियोगिता में 3 किलोमीटर वॉक, गोला फेंक, चक्का फेंक, रस्साकशी एवं म्यूजिकल चेयर रेस जैसी स्पर्धाएं आयोजित की गईं। प्रतियोगिता में पुलिस पेंशनरों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
वॉक प्रतियोगिता के 70 से 80 वर्ष आयु वर्ग में महिला वर्ग में मिथलेश सिंह ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। पुरुष वर्ग में अनिल कुमार प्रथम, रामली लाल निरंजन द्वितीय तथा ओ.पी. तिवारी तृतीय स्थान पर रहे। वहीं, 60 से 70 वर्ष आयु वर्ग में धनेश प्रसाद ने प्रथम, शिवदीन सिंह ने द्वितीय तथा सुरेन्द्र चौबे ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
गोला फेंक प्रतियोगिता में अनिल कुमार सिंह प्रथम, राम लाल यादव द्वितीय तथा हरिहर सिंह तृतीय स्थान पर रहे। चक्का फेंक प्रतियोगिता में राम शब्द यादव ने प्रथम, हरिहर सिंह ने द्वितीय तथा राम लाल यादव ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
म्यूजिकल चेयर रेस में सुरेन्द्र चौबे प्रथम, राकेश राय द्वितीय तथा मिथलेश सिंह तृतीय स्थान पर रहीं। रस्साकशी प्रतियोगिता में रामेश्वर दयाल, अपर पुलिस महानिदेशक (सेवानिवृत्त) की टीम ने प्रथम तथा अरविन्द कुमार जैन, पुलिस महानिदेशक (सेवानिवृत्त) की टीम ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया।
विजेताओं को पुरस्कार वितरण संस्थान के अध्यक्ष अरविन्द कुमार जैन, रामेश्वर दयाल, संस्थान के उपाध्यक्ष एवं पुलिस महानिरीक्षक (सेवानिवृत्त) अनिल कुमार मिश्रा तथा संस्थान के महासचिव एवं पुलिस महानिरीक्षक (सेवानिवृत्त) आर.के. चतुर्वेदी द्वारा किया गया। प्रतियोगिता का समापन संस्थान के अध्यक्ष अरविन्द कुमार जैन ने किया।
खेलकूद प्रतियोगिता के समस्त आयोजनों का संचालन सेनानायक, 35वीं वाहिनी पीएसी अमित कुमार द्वितीय के निर्देशन में सहायक सेनानायक उदयवीर सिंह एवं उनकी टीम द्वारा सुव्यवस्थित ढंग से किया गया।
प्रतियोगिता के दौरान पुलिस पेंशनरों में विशेष उत्साह और उल्लास देखने को मिला। आयोजन का उद्देश्य पुलिस पेंशनरों को खेलकूद के माध्यम से सक्रिय बनाए रखना तथा उनमें आपसी सौहार्द और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना को प्रोत्साहित करना रहा।