उजाला सिटी न्यूज़
उत्तर प्रदेश
लखनऊ
08/04/2026
लखनऊ,उजाला सिटी। ए. पी. सेन मेमोरियल गर्ल्स पी.जी. कॉलेज में अखिल भारतीय स्वदेशी खेल एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में अंतर्महाविद्यालयी पारंपरिक भूले-बिसरे खेल प्रतियोगिता का शुभारंभ प्राचार्या रचना श्रीवास्तव द्वारा अत्यंत प्राचीन और पारंपरिक खेल गुट्टक खेलकर किया गया।
पारंपरिक खेलों की श्रृंखला में सर्वप्रथम छात्राओं द्वारा गुट्टक खेल खेला गया, जिसमें कृष्णा देवी गर्ल्स डिग्री कॉलेज की छात्रा नीतू यादव प्रथम, शिवानी रावत द्वितीय तथा शशिभूषण बालिका डिग्री कॉलेज की कुमकुम कुमारी तृतीय स्थान पर रहीं।
रस्सी कूद प्रतियोगिता में ए. पी. सेन मेमोरियल गर्ल्स पी.जी. कॉलेज की छात्रा कांति देवी ने प्रथम, पूजा गौतम ने द्वितीय तथा नवयुग कन्या महाविद्यालय की अर्पिता शर्मा ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
सिकड़ी प्रतियोगिता में ए. पी. सेन मेमोरियल गर्ल्स कॉलेज की कोमल कुमारी प्रथम, कोमल द्वितीय तथा कृष्णा देवी गर्ल्स डिग्री कॉलेज की अंशिका रावत तृतीय स्थान पर रहीं।
रूमाल झपट्टा में नवयुग कन्या महाविद्यालय की वैष्णवी चौरसिया प्रथम, ए. पी. सेन महाविद्यालय की बीना द्वितीय तथा सोनी रावत तृतीय स्थान पर रहीं।
पंजा कुश्ती में ए. पी. सेन मेमोरियल गर्ल्स कॉलेज की कांति प्रथम, खुन खुन जी गर्ल्स डिग्री कॉलेज की प्रिया त्रिपाठी द्वितीय तथा कशिश तृतीय स्थान पर रहीं।
शतरंज में ए. पी. सेन महाविद्यालय की अपेक्षा मौर्य प्रथम, शिवानी द्वितीय तथा खुन खुन गर्ल्स डिग्री कॉलेज की आरिफा बानो तृतीय स्थान पर रहीं।
रिले रेस में ए. पी. सेन मेमोरियल गर्ल्स कॉलेज की टीम प्रथम, खुन खुन जी गर्ल्स डिग्री कॉलेज की टीम द्वितीय तथा शशिभूषण बालिका विद्यालय की टीम तृतीय स्थान पर रही।
इस प्रकार पारंपरिक भूले-बिसरे खेलों का आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
पुरस्कार वितरण उपप्राचार्या निधि सिद्धार्थ तथा अखिल भारतीय स्वदेशी खेल एसोसिएशन के महासचिव आनंद किशोर सक्सेना द्वारा किया गया।
विभिन्न महाविद्यालयों से आई छात्राओं और शिक्षिकाओं ने कार्यक्रम को उत्साह और उमंग के साथ संपन्न किया। कुल 7 महाविद्यालयों की टीमों ने प्रतिभाग किया, जिसमें चैंपियन ट्रॉफी ए. पी. सेन मेमोरियल गर्ल्स कॉलेज को प्राप्त हुई।
खेल मानव जीवन का एक अनिवार्य अंग है, जिससे तन और मन दोनों स्वस्थ रहते हैं। भूले-बिसरे खेलों का आयोजन हमारी भारतीय संस्कृति और खेल परंपरा को जीवंत बनाए रखने में सहायक है, जिसकी आवश्यकता नई शिक्षा नीति में भी रेखांकित की गई है।
कार्यक्रम को सफलतापूर्वक संपन्न कराने में सुमन चौधरी, अनिल अस्थाना, राजेश कुमार वर्मा, शरद शर्मा, सुधीर शर्मा, राजन मिश्रा, कुलदीप, एच. एल. केसरवानी तथा बलराम का विशेष सहयोग रहा।
अंत में कार्यक्रम संयोजिका रश्मि श्रीवास्तव (विभागाध्यक्ष, शारीरिक शिक्षा) ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन मनीषा पांडे (सहायक आचार्य, समाजशास्त्र विभाग) द्वारा किया गया।
इस अवसर पर महाविद्यालय की समस्त शिक्षिकाओं एवं शिक्षणेतर कर्मचारियों ने पूर्ण सहयोग प्रदान किया। सभी छात्राएं लंच पैकेट और स्मृति चिह्न लेकर हर्षोल्लास के साथ अपने-अपने घर रवाना हुईं।